बीकानेर: ड्रग्स तस्करी और फर्जी दस्तावेज मामले में ईरान के तीन नागरिकों को 5-5 साल की सजा
बीकानेर: विशेष न्यायालय (एनडीपीएस एक्ट प्रकरण) के पीठासीन अधिकारी प्रमोद बंसल ने बीकानेर में भारतीय फर्जी दस्तावेजों के सहारे ड्रग्स तस्करी और अवैध रूप से रहने के एक संवेदनशील मामले में ईरान के तीन लोगों को 5-5 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है।
इसके अलावा कुल 3.30 लाख रुपए का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड की राशि जमा नहीं कराने पर 9-9 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
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मामले की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने टिप्पणी की कि मादक पदार्थों का व्यसन एक अंतरराष्ट्रीय समस्या है और ऐसे अपराधों पर कठोर नियंत्रण रखना समाज और देश की सुरक्षा के लिए न्यायोचित है।पर्यटकों के घूमने-फ़िरने की जगहें
भारतीय पहचान पत्रों का अवैध इस्तेमाल कर रहे थे। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस में मुकदमा दर्ज कर कोर्ट में चालान पेश किया था। कोर्ट ने इस मामले की सुनवाई कर ईरान निवासी तीनों आरोपियों को दोषी माना।
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जोधपुर निवासी आरोपी सुनील बिश्नोई को साक्ष्यों के अभाव में दोषमुक्त किया गया। अभियोजन पक्ष की ओर से कोर्ट में 20 गवाहों के बयान हुए। राज्य की ओर से पैरवी हरीश भट्टड़ ने की।



