मरीज के घर तक देखभाल, बुजुर्गों के अनुकूल शहर और आपदा प्रबंधन पर मंथन के साथ राज आईएपीएसएम कॉन-26 का समापन
अगला राष्ट्रीय सम्मेलन जोधपुर में एनआईएचआर द्वारा आयोजित करने की घोषणा; आयोजन की सफलता में अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. रेखा आचार्य का विशेष योगदान
बीकानेर (श्रेयांस बैद): गंभीर बीमारी से जूझ रहे मरीजों को घर तक देखभाल उपलब्ध कराने, बुजुर्गों की जरूरतों के अनुरूप शहर विकसित करने और स्वास्थ्य आपदाओं से निपटने में समुदाय की भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा के साथ दो दिवसीय राज्य स्तरीय सम्मेलन ‘राज आईएपीएसएम कॉन-26’ रविवार को संपन्न हुआ।
सरदार पटेल मेडिकल कॉलेज के कम्युनिटी मेडिसिन विभाग की मेजबानी में आयोजित सम्मेलन के दूसरे दिन जनस्वास्थ्य नीतियों को आमजन की जरूरतों और जमीनी सेवाओं से जोड़ने पर केंद्रित वैज्ञानिक सत्र हुए।
एम्स जोधपुर के अतिरिक्त आचार्य डॉ. श्रीकांत श्रीनिवासन ने राष्ट्रीय प्रशामक देखभाल कार्यक्रम के अंतर्गत घर आधारित पैलिएटिव केयर विषय पर व्याख्यान दिया। ‘नीति से मरीज के द्वार तक’ की अवधारणा पर केंद्रित इस सत्र में गंभीर रोगों से प्रभावित मरीजों की देखभाल को उनके घर तक पहुंचाने के पहलुओं पर चर्चा हुई।
आरयूएचएस कॉलेज ऑफ मेडिकल साइंसेज, जयपुर के आचार्य एवं विभागाध्यक्ष डॉ. वसीम एन. बेग का सत्र बुजुर्गों की देखभाल के अनुकूल शहरों की अवधारणा पर केंद्रित रहा। उन्होंने ‘एजिंग के 5एम’ विषय के माध्यम से बढ़ती उम्र की जरूरतों को शहरी जीवन और सामुदायिक व्यवस्थाओं से जोड़ने के पहलुओं पर प्रकाश डाला।
बीकानेर में खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई, 22 हजार किलो खाद्य तेल सीज
विश्व स्वास्थ्य संगठन के बीकानेर स्थित टीबी कंसल्टेंट डॉ. सुधांश खत्री ने राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत गुणवत्तापूर्ण देखभाल की वर्तमान रणनीति और वर्ष 2026 के अद्यतनों पर प्रस्तुति दी। सत्र में टीबी नियंत्रण से जुड़ी कार्यक्रमगत प्रगति और उपचार सेवाओं की गुणवत्ता पर ध्यान केंद्रित किया गया।
जनरल बॉडी बैठक में अगले राष्ट्रीय सम्मेलन की घोषणा
सम्मेलन के दौरान आईएपीएसएम की जनरल बॉडी बैठक भी आयोजित हुई, जिसमें संगठन के पदाधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में अगला राष्ट्रीय सम्मेलन जोधपुर में एनआईएचआर द्वारा आयोजित किए जाने की घोषणा की गई।
डॉ. रेखा आचार्य, रेणु सेठिया सहित पुरी टीम का रहा विशेष योगदान
दो दिवसीय सम्मेलन के सफल आयोजन में सरदार पटेल मेडिकल कॉलेज की अतिरिक्त प्राचार्य डॉ. रेखा आचार्य, डॉ. रेणु सेठिया सहित पीएसएम विभाग कि पुरी टीम का विशेष योगदान रहा।

आयोजन ने विशेषज्ञों, शिक्षकों और प्रतिभागियों को जनस्वास्थ्य की बदलती जरूरतों, सामुदायिक देखभाल और स्वास्थ्य सेवाओं के व्यावहारिक पहलुओं पर अनुभव साझा करने का अवसर दिया।
डॉ रेणु सेठिया, डॉ अभिषेक, एवं डॉ. गौरव शर्मा ने सभी प्रतिभागियों एवम् सहयोगियों का धन्यवाद ज्ञापित किया।
मरीज के घर तक देखभाल, बुजुर्गों के अनुकूल शहर और आपदा प्रबंधन पर मंथन के साथ राज आईएपीएसएम कॉन-26 का समापन
