राजस्थान नगर निकाय चुनाव 2026 का ऐलान, 9 और 11 सितंबर को दो चरणों में मतदान; 14 सितंबर को होगी मतगणना
जयपुर। राजस्थान में नगर निकाय चुनाव 2026 का इंतजार खत्म हो गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने प्रदेश की 309 नगरीय निकायों के आम चुनाव का कार्यक्रम घोषित कर दिया है। चुनाव दो चरणों में होंगे। पहले चरण का मतदान 9 सितंबर 2026 और दूसरे चरण का मतदान 11 सितंबर 2026 को कराया जाएगा। दोनों चरणों में मतदान के बाद 14 सितंबर 2026 को मतगणना होगी।
राज्य निर्वाचन आयोग के अनुसार इन चुनावों में 10 नगर निगम, 47 नगर परिषद और 252 नगरपालिकाएं शामिल हैं। चुनाव नए परिसीमन के आधार पर होंगे। कुल 10,245 वार्डों में सदस्य पद के लिए चुनाव कराया जाएगा।
1.44 करोड़ से ज्यादा मतदाता करेंगे मतदान
309 नगरीय निकायों के चुनाव में कुल 1,44,03,853 मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। आयोग के आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2019 की तुलना में मतदाताओं की संख्या में 27.24 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
इन चुनावों में पुरुष, महिला और थर्ड जेंडर मतदाता मतदान करेंगे। आयु वर्ग के हिसाब से सबसे अधिक मतदाता 36 से 50 वर्ष की आयु के हैं।
27 अगस्त से शुरू होगी नामांकन प्रक्रिया
सदस्य पद के लिए चुनाव प्रक्रिया की शुरुआत 27 अगस्त 2026 को लोक सूचना जारी होने के साथ होगी। इसके बाद प्रत्याशी नामांकन दाखिल कर सकेंगे।
चुनाव कार्यक्रम के अनुसार:
- 27 अगस्त 2026: लोक सूचना जारी
- 31 अगस्त 2026: नामांकन पत्र प्रस्तुत करने की अंतिम तारीख
- 1 सितंबर 2026: नामांकन पत्रों की संवीक्षा
- 3 सितंबर 2026: नाम वापसी की अंतिम तारीख
- 4 सितंबर 2026: चुनाव चिन्हों का आवंटन
- 9 सितंबर 2026: प्रथम चरण का मतदान
- 11 सितंबर 2026: द्वितीय चरण का मतदान
- 14 सितंबर 2026: मतगणना
मतदान का समय सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक रहेगा।
21 सितंबर को अध्यक्ष पद के लिए चुनाव
सदस्य पद के चुनाव के बाद नगरीय निकायों के अध्यक्षीय पदों के लिए चुनाव प्रक्रिया होगी। इसके तहत 15 सितंबर को लोक सूचना, 16 सितंबर को नामांकन, 17 सितंबर को नामांकन पत्रों की संवीक्षा और 18 सितंबर को नाम वापसी तथा चुनाव चिन्ह आवंटन की प्रक्रिया होगी।
अध्यक्षीय पदों के लिए 21 सितंबर 2026 को मतदान कराया जाएगा। मतदान सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक होगा और मतदान समाप्त होने के तुरंत बाद मतगणना की जाएगी।
22 सितंबर को उपाध्यक्ष पद का चुनाव
उपाध्यक्ष पदों के लिए चुनाव 22 सितंबर 2026 को होगा। आयोग के कार्यक्रम के अनुसार निर्वाचन प्रक्रिया के लिए बैठक सुबह 10 बजे शुरू होगी। इसके बाद नामांकन, संवीक्षा और आवश्यक होने पर मतदान कराया जाएगा। मतदान समाप्त होने के तुरंत बाद मतगणना होगी।
EVM से होगा मतदान
राजस्थान के नगर निकाय चुनाव इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) के माध्यम से कराए जाएंगे। आयोग ने EVM के आवंटन और रैंडमाइजेशन की व्यवस्था की है। कुछ जिलों में भारत निर्वाचन आयोग की M-3 मशीनों तथा अन्य जिलों में राजस्थान और मध्यप्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग की मशीनों का उपयोग किया जाएगा।
1.15 लाख से ज्यादा कर्मचारी होंगे तैनात
चुनाव प्रक्रिया को संपन्न कराने के लिए करीब 1,15,255 कर्मचारियों को चुनाव ड्यूटी में लगाया जाएगा। मतदान और मतगणना दलों का गठन रैंडमाइजेशन सॉफ्टवेयर के माध्यम से किया जाएगा। मतदान दलों को दो स्तरीय प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने और शांतिपूर्ण चुनाव कराने के लिए लगभग 98,790 पुलिस बल की तैनाती की जाएगी।
10,245 वार्ड और 16,465 मतदान केंद्र
नए परिसीमन के बाद नगर निकाय चुनावों में वार्डों और मतदान केंद्रों की संख्या में वृद्धि हुई है। वर्ष 2019 में 196 नगरीय निकायों में 7,500 वार्ड और 10,153 मतदान केंद्र थे। वर्ष 2026 में 309 नगरीय निकायों में 10,245 वार्ड और 16,465 मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
बीकानेर और चूरू के निकाय भी दो चरणों में
राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से जारी सूची के अनुसार बीकानेर जिले के नोखा, देशनोक, लूणकरणसर, श्रीडूंगरगढ़ और नापासर नगर निकाय पहले चरण में हैं, जबकि नगर निगम बीकानेर दूसरे चरण में रखा गया है।
वहीं चूरू जिले में राजगढ़, तारानगर, रतननगर, सुजानगढ़ और छापर पहले चरण में शामिल हैं। दूसरे चरण में नगर परिषद सरदारशहर, नगर पालिका सादुलपुर, राजलदेसर और बीदासर सहित अन्य निकाय शामिल हैं।
उम्मीदवारों के लिए चुनाव खर्च की सीमा तय
आयोग ने अलग-अलग निकायों के सदस्य पद के उम्मीदवारों के लिए अधिकतम चुनाव खर्च की सीमा निर्धारित की है।
- नगर निगम पार्षद: 3.50 लाख रुपये
- नगर परिषद पार्षद: 2.50 लाख रुपये
- नगरपालिका सदस्य: 1.50 लाख रुपये
उम्मीदवारों को चुनाव परिणाम घोषित होने के 15 दिन के भीतर चुनाव खर्च का विवरण निर्धारित प्रारूप में प्रस्तुत करना होगा।
चुनाव कार्यक्रम जारी होते ही आचार संहिता लागू
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा चुनाव कार्यक्रम घोषित किए जाने के साथ ही संबंधित नगरीय निकाय क्षेत्रों में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक आचार संहिता प्रभावी रहेगी।
इस चुनाव के जरिए राजस्थान के 309 नगरीय निकायों में नई स्थानीय सरकारों के गठन की प्रक्रिया शुरू होगी। 9 और 11 सितंबर को मतदान के बाद 14 सितंबर को मतगणना होगी। इसके बाद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के चुनाव की प्रक्रिया 21 और 22 सितंबर को पूरी की जाएगी।

